July 24, 2021

4 लोगों की हत्याः बस एक वजह से बच गई मासूम नक्श की जिंदगी

गांव ब्रिजपुरा में हुई परिवार के चार सदस्यों की मौत ने पूरे क्षेत्र को हिला दिया है। जिस वक्त वारदात हुई उस वक्त मृतक मनीष का करीब 3 वर्षीय बेटा नक्श प्ले स्कूल गया हुआ था। दोपहर 3 बजे जब वह वापस आया तो सीधे घर के अंदर गया। घर में अपनों की लाशें देखने के बाद वह सहम गया और रोने लगा। रोते हुए कमरे में जाकर सो गया। जब सो कर उठा तो भी वह काफी सहमा हुआ था और घर के अंदर ही खड़ा रो रहा था। मामले की जांच कर रहे अधिकारी ने बताया कि बुधवार सुबह मनीष अपनी कपड़े की दुकान पर चला गया। उसकी मां फूलवती खेतों में चली गई जबकि उनका 3 वर्षीय पोता प्ले स्कूल चला गया। पड़ोस में रहने वाला फूलवती का भतीजा रणधीर अपनी स्कूल बस पर चला गया था। दोपहर करीब 12 बजे रणधीर घर आया और रोजाना की तरह चाची को आवाज देता हुआ अपने घर चला गया, लेकिन रणधीर को चाची की कोई आवाज नहीं आई। दोपहर को मनीष खाना खाने के लिए घर आया था। फूलवती भी खेतों में काम कर वापस लौट आई थी।  जब तीन बजे रणधीर स्कूल बस पर वापस गया तब भी वह चाची को गली में से ही आवाज देता हुआ चला गया। इस बार भी उसे कोई जवाब नहीं मिला। इसके बाद करीब 3 बजे नक्श स्कूल से आया और घर के अंदर चला गया। पुलिस के मुताबिक दोपहर 12 से 3 बजे के बीच ही पूरी वारदात हुई होगी। पुलिस के मुताबिक, यदि यह वारदात 3 बजे से पहले हुई होती तो नक्श भी जीवित न होता। शाम को जब घर की लाइट नहीं जली तो रणधीर को कुछ गड़बड़ होने का शक हुआ। इस पर वह चाची के घर की तरफ बढ़ा और दरवाजा खोला तो दंग रह गया। उसने गांव के सरपंच सहित पुलिस को यूचना दी। जांच अधिकारी ने बताया कि घर का पिछला गेट भी खुला हुआ था। तीनों के शव तीन अलग-अलग कमरे में पड़े मिले। जिस कमरे में मनीष का शव पड़ा था उसी कमरे में मनीष व पिंकी का मोबाइल बेड पर पड़ा था।

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